11.5 C
London
Wednesday, May 13, 2026
Homeराष्ट्रीयये तानाशाही ठीक नहीं... सोनम वांगचुक से नहीं मिल पाईं सीएम आतिशी,...

ये तानाशाही ठीक नहीं… सोनम वांगचुक से नहीं मिल पाईं सीएम आतिशी, थाने के बाहर से लौटाया

Published on

नई दिल्ली

दिल्ली की मुख्यमंत्री आतिशी को मंगलवार को बवाना पुलिस थाने के बाहर उस समय रोक दिया गया, जब वह जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक से मिलने के लिए जा रही थीं। वांगचुक को कल रात हिरासत में लिया गया था। वह अपने समर्थकों के साथ राष्ट्रीय राजधानी में प्रवेश करने की कोशिश कर रहे थे। आम आदमी पार्टी ने एक बयान में कहा कि आतिशी दोपहर करीब एक बजे पुलिस थाने पहुंचीं, लेकिन पुलिस अधिकारियों ने उन्हें रोक दिया।

सीएम ने उपराज्यपाल पर लगाए गंभीर आरोप
पुलिस द्वारा रोके जाने पर आतिशी ने एक्स पर इसकी जानकारी दी। उन्होंने अपने पोस्ट में लिखा मैं सोनम वांगचुक जी और लद्दाख के 150 भाइयों-बहनों से मिलने बवाना थाने पहुंची। दिल्ली पुलिस ने मुझे मिलने नहीं दिया। बताया जा रहा है कि LG साहब का फोन आ गया कि चुने हुए मुख्यमंत्री से मिलने नहीं देना। यह तानाशाही ठीक नहीं है। सोनम वांगचुक जी और लद्दाख के लोग भी LG राज के खिलाफ लड़ रहे हैं, लद्दाख को पूर्ण राज्य का दर्जा दिलाने के लिए लड़ रहे हैं।

सीएम आतिशी ने आगे लिखा कि दिल्ली के लोग लद्दाख के लोगों के साथ खड़े हैं। लद्दाख में LG राज ख़त्म होना चाहिए, दिल्ली में भी LG राज खत्म होना चाहिए। लद्दाख और दिल्ली को पूर्ण राज्य का दर्जा मिलना चाहिए। दिल्ली-हरियाणा सीमा पर स्थित बवाना पुलिस थाने के आसपास भारी पुलिस बल तैनात है। वांगचुक के समर्थकों को भी हिरासत में लिया गया है, जिन्हें दिल्ली की सीमाओं पर विभिन्न पुलिस थानों में रखा गया है।

कौन हैं सोनम वांगचुक
सोनम वांगचुक एक प्रसिद्ध भारतीय अभियंता, नवाचारी, और शिक्षा सुधारक हैं। उनका जन्म 1 सितंबर 1966 को लद्दाख के अलची गांव में हुआ था। उन्होंने 1988 में स्टूडेंट्स एजुकेशनल एंड कल्चरल मूवमेंट ऑफ लद्दाख (SECMOL) की स्थापना की, जो लद्दाख के छात्रों के लिए शिक्षा सुधार और विकास के लिए काम करता है। सोनम वांगचुक को उनके कई आविष्कारों के लिए भी जाना जाता है, जैसे सोलर हीटेड मिलिट्री टेंट और आर्टिफिशियल ग्लेशियर। वह जलवायु कार्यकर्ता भी हैं और लद्दाख को पूर्ण राज्य का दर्जा देने और इसे संविधान की छठी अनुसूची के तहत स्वायत्तता देने की मांग कर रहे हैं।

Latest articles

असम के दूसरी बार मुख्यमंत्री बने हिमंता, 2 बीजेपी और 2 सहयोगी दलों से मंत्री बने, मोदी-शाह मौजूद रहे

गुवाहाटी। हिमंता बिस्वा सरमा लगातार दूसरी बार असम के मुख्यमंत्री बने हैं। असम के...

मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना से धनंजय तिवारी को मिली 14 हजार से अधिक रुपये की राहत

रायपुर। विष्णुदेव साय के नेतृत्व में संचालित मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना 2026...

बीएचईएल में नई भर्ती आर्टिजनों के वेतन पुनरीक्षण की मांग, ऐबू ने प्रबंधन को सौंपा ज्ञापन

भोपाल। बीएचईएल भोपाल में नई भर्ती कामगारों (आर्टिजनों) के हितों और वेतन विसंगतियों को...

उद्यमशीलता से प्रवासी राजस्थानियों ने देश-विदेश में बनाई अलग पहचान : मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा

जयपुर। भजनलाल शर्मा ने कहा कि प्रवासी राजस्थानियों ने अपनी उद्यमशीलता, मेहनत और दूरदर्शिता...

More like this

असम के दूसरी बार मुख्यमंत्री बने हिमंता, 2 बीजेपी और 2 सहयोगी दलों से मंत्री बने, मोदी-शाह मौजूद रहे

गुवाहाटी। हिमंता बिस्वा सरमा लगातार दूसरी बार असम के मुख्यमंत्री बने हैं। असम के...

नीट यूजी 2026 की परीक्षा रद्द, 3 मई को हुई थी आयोजित, पेपर लीक के बाद NTA ने लिया फैसला

नई दिल्ली। नीट यूजी (NEET UG) परीक्षा 2026 से जुड़ी इस वक्त की बड़ी...

पश्चिम एशिया संकट का असर: परियोजनाओं की समय-सीमा प्रभावित, वित्त मंत्रालय ने ‘फोर्स मेज्योर’ के तहत दी राहत

नई दिल्ली/भोपाल। पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के कारण पेट्रोलियम उत्पादों की आपूर्ति श्रृंखला...