9.7 C
London
Wednesday, March 11, 2026
Homeराज्यपश्चिम बंगाल: ढाई घंटे में गिरफ्तारी, 25 दिनों में जांच पूरी... रेप-मर्डर...

पश्चिम बंगाल: ढाई घंटे में गिरफ्तारी, 25 दिनों में जांच पूरी… रेप-मर्डर केस में सिर्फ 61 दिन में मिला जस्टिस

Published on

कोलकाता,

पश्चिम बंगाल में रेप और हत्या के एक मामले में सिर्फ 61 दिन में न्याय मिल गया. पश्चिम बंगाल की बारुईपुर अदालत ने पिछले अक्टूबर में एक नाबालिग लड़की से बलात्कार और हत्या के मामले में कल दोषी पाए गए गिरफ्तार युवक को मौत की सजा सुनाई है. 4 अक्टूबर को दक्षिण 24 परगना जिले के जयनगर में हुए 9 वर्षीय नाबालिग लड़की के साथ बलात्कार और हत्या के मामले में बारुईपुर POCSO अदालत ने 19 साल के मुस्तकिन सरदार को दोषी ठहराया था.

सिर्फ ढाई घंटे में आरोपी गिरफ्तार
पीड़ित लड़की के परिवार से गुमशुदगी की शिकायत मिलने के बाद पश्चिम बंगाल पुलिस ने जांच शुरू की थी और महज ढाई घंटे में आरोपी को गिरफ्तार कर लिया था. बारुईपुर पुलिस ने सिर्फ 25 दिनों के अंदर जांच पूरी कर एक मिसाल कायम की. 30 अक्टूबर को POCSO कोर्ट में पूरी चार्जशीट दाखिल कर दी गई थी.

36 गवाहों की हुई गवाही
चार्जशीट के बाद इस मामले की सुनवाई 4 नवंबर को बारुईपुर POCSO कोर्ट में शुरू हुई और 26 नवंबर को सुनवाई पूरी हो गई. सुनवाई के दौरान अदालत में कुल 36 गवाहों की गवाही हुई. राज्य जांच एजेंसी की ओर से स्टेट काउंसिल बिवास चटर्जी ने गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ अपराध साबित करने के लिए सभी वैज्ञानिक और भौतिक सबूत पेश किए.आखिरकार, आरोपी मुस्तकिन सरदार को गुरुवार को अदालत ने दोषी ठहराया और सजा सुनाने के लिए आज शुक्रवार का दिन तय किया गया. जज सुब्रत चटर्जी ने उसे मौत की सजा सुना दी.

4 अक्टूबर को लापता हुई थी बच्ची
आरजी कर रेप और मर्डर केस को लेकर चल रहे आंदोलन के बीच 9 साल की नाबालिग लड़की से रेप और हत्या का ये मामला सामने आने के बाद पूरे बंगाल में हड़कंप मच गया. नौ वर्षीय छात्रा चार अक्टूबर की शाम जयनगर स्थित कोचिंग सेंटर से घर जाते समय लापता हो गई थी.

उसके परिवार ने जयनगर थाने में गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई थी. एफआईआर 5 अक्टूबर की रात करीब 12:30 बजे दर्ज की गई. जांच शुरू करने के बाद, पुलिस को स्थानीय स्रोतों और एक प्रत्यक्षदर्शी से संदिग्ध व्यक्ति के बारे में सुराग मिला. एक सीसीटीवी फुटेज से आरोपी की पहचान की गई और रात करीब 2:45 बजे पुलिस ने उसे पकड़ लिया.

9 बजे तक भी चली अदालत
पूछताछ के दौरान, हिरासत में लिए गए आरोपी ने अपना अपराध कुबूल कर लिया और पुलिस को उस जगह लेकर गया जहां उसने पीड़िता के शव को फेंका था. दर्ज किए गए बयान के आधार पर, 9 वर्षीय पीड़िता का शव उस रात बरामद किया गया. पीड़ित परिवार शुरू से ही दोषी को फांसी देने की मांग कर रहा था. मुकदमे को समय पर पूरा करने के लिए कभी-कभी अदालत रात के 9 बजे तक भी चलती थी. इस मामले में प्रत्येक हितधारक न्याय सुनिश्चित करने के लिए बहुत सक्रिय था.

Latest articles

मंडी विकास के लिए नई भूमि अर्जन नीति मंजूर, 22 करोड़ से अधिक के विकास कार्यों को स्वीकृति

प्रदेश की कृषि उपज मंडियों में आधारभूत सुविधाओं को मजबूत करने के लिए राज्य...

हमीदिया अस्पताल में शुरू होगा ह्यूमन मिल्क बैंक, नवजातों को मिलेगा मां के दूध का विकल्प

भोपाल राजधानी भोपाल जल्द ही नवजात शिशु स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में एक नया कीर्तिमान...

देश में ऊर्जा संकट नहीं, घरों को मिलेगी 100% गैस: केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी

वैश्विक बाजारों में जारी भू-राजनीतिक तनाव और ईरान-इजराइल संघर्ष के बीच केंद्रीय पेट्रोलियम और...

एम्स भोपाल में थायराइड कैंसर और हाइपरथायरॉइडिज्म का अब शहर में ही सटीक इलाज

भोपाल राजधानी स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान  ने चिकित्सा सुविधाओं में एक और बड़ी उपलब्धि...

More like this

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने दी होली व धुलंडी की शुभकामनाएं

जयपुर भजनलाल शर्मा ने होली एवं धुलंडी के पावन पर्व पर प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई...

मप्र में अवैध कॉलोनियों पर सख्ती की तैयारी, 90 दिन में एफआईआर और 10 साल तक की सजा का प्रस्ताव

भोपाल मप्र में तेजी से बढ़ रही अवैध कॉलोनियों पर रोक लगाने के लिए राज्य...