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हमें हिजाब नहीं चाहिए… ईरान में हिंसक हुआ महिलाओं का विरोध प्रदर्शन, अब तक 5 लोगों की मौत

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तेहरान

ईरान में हिजाब के खिलाफ शुरू हुआ महिलाओं का विरोध प्रदर्शन अब हिंसक हो गया है। इस दौरान पुलिस के साथ हुई झड़पों में कम से कम पांच लोग मारे गए हैं। इस घटना को लेकर तीन दिन से प्रदर्शन हो रहे हैं और राजधानी तेहरान तक में प्रदर्शनकारियों की ईरान के सुरक्षा बलों के साथ झड़प हुई है। यह प्रदर्शन ईरान की धार्मिक पुलिस के हाथों एक महिला की मौत के बाद शुरू हुआ। दावा किया गया कि महिला ने सार्वजनिक स्थान पर सही तरीके से हिजाब नहीं पहना था। इस कारण पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया और वैन के पास जमकर पिटाई की। बुरी तरह घायल महिला को अस्पताल में भर्ती करवाया गया, जहां उसकी मौत हो गई। इसके बाद ईरान में महिलाओं ने हिजाब के खिलाफ प्रदर्शन शुरू कर दिया। कई महिलाओं ने अपने बाल को काटकर उसका वीडियो सोशल मीडिया पर भी शेयर किया है।

संयुक्त राष्ट्र, अमेरिका, इटली ने की ईरान की निंदा
संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार कार्यालय ने पूरे प्रकरण की जांच की मांग की है। अमेरिका ने इस्लामिक गणराज्य से महिलाओं पर व्यवस्थागत अत्याचार समाप्त करने की मांग की है। इटली ने भी मौत की निंदा की है। वहीं, ईरान ने आलोचनाओं को खारिज करते हुए इसे राजनीति से प्रेरित करार दिया। संयुक्त राष्ट्र निकाय ने कहा कि ईरान की सदाचार पुलिस ने हाल के महीनों में गश्त में बढ़ोतरी की है जिसमें महिलाओं को हिजाब नहीं पहनने पर निशाना बनाया जा रहा है। निकाय ने कहा कि वह उस वीडियो को सत्यापित करेगा जिसमें ठीक से हिजाब नहीं पहनने पर महिला को थप्पड़ मारते, डंडे से पीटते और पुलिस वैन में जबरन धकेलने की घटना दिख रही है।

पुलिस की पिटाई में हुई थी महिला की मौत
गौरतलब है कि गत मंगलवार को इसी तरह की गश्त के दौरान सदाचार पुलिस, 22 वर्षीय महसा अमीनी को पुलिस थाने ले गई थी जहां वह बेहोश हो गई और तीन दिन बाद उसकी मौत हो गई। ईरान की पुलिस ने अमीनी से दुर्व्यवहार करने से इनकार करते हुए कहा कि उसकी मौत हृदय गति रुकने से हुई है। अधिकारियों ने कहा कि मामले की जांच की जा रही है।

यूएन ने स्वतंत्र जांच की मांग की
संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार की कार्यवाहक उच्चायुक्त नदा अल नशिफ ने कहा कि महसा अमीनी की दर्दनाक मौत और उसको यातना देने एवं दुर्व्यवहार करने के आरोपों की निष्पक्ष एवं प्रभावी जांच स्वतंत्र प्राधिकार से कराया जाना चाहिए। अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन ने कहा कि अमीनी को ‘‘आज जिंदा होना चाहिए था।

इस बीच, ईरान के कुर्दिशस्तान प्रांत के गवर्नर इस्माइल जरेई कोउशा ने कहा है कि देश की सदाचार पुलिस द्वारा हिरासत में ली गई कुर्दिश महिला की मौत के खिलाफ चल रहे प्रदर्शनों में अब तक पांच लोगों की मौत हुई है। ईरान ने महिला की मौत के बाद से चल रहे प्रदर्शनों में पहली बार लोगों की मौत की आधिकारिक पुष्टि की है। फारस न्यूज एजेंसी से की गई बातचीत में मौतों की जानकारी दी। हालांकि, उन्होंने पीड़ितों की पहचान जाहिर नहीं की है।

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