2.4 C
London
Sunday, March 15, 2026
Homeराज्यगुड़ी पड़वा के दिन औरंगजेब विवाद में राज ठाकरे की हुई एंट्री,...

गुड़ी पड़वा के दिन औरंगजेब विवाद में राज ठाकरे की हुई एंट्री, कह दी ये बात

Published on

मुंबई:

महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना(मनसे) अध्यक्ष राज ठाकरे ने आज गुड़ी पड़वा की सभा में कई मुद्दों पर अपनी राय रखी। उन्होंने महाराष्ट्र से औरंगजेब की कब्र हटाने के मुद्दे पर विस्तार से बात की। राज ठाकरे ने कहा कि छत्रपति शिवाजी महाराज की मृत्यु के बाद औरंगजेब को आगरा वापस चले जाना चाहिए था। लेकिन वह यहीं रुक गया। उन्होंने सवाल किया कि इतना बड़ा और शक्तिशाली राजा यहां क्यों रुका रहा? राज ठाकरे ने कहा कि औरंगजेब शिवाजी महाराज के विचारों को मिटाना चाहता था। लेकिन वह इसमें सफल नहीं हो पाया। उन्होंने औरंगजेब की कब्र को हटाने और वहां एक बोर्ड लगाने की बात कही। जिस पर लिखा हो कि औरंगजेब मराठों को खत्म करने आया था और यहीं दफन हो गया।

औरंगजेब की कब्र पर लगाओ बोर्ड
मनसे अध्यक्ष राज ठाकरे ने कहा कि औरंगजेब ने सब कुछ करने की कोशिश की, लेकिन अंत में यहीं मर गया। औरंगजेब को दुनिया के इतिहास में पढ़ा जाता है। उसका अध्ययन किया जाता है। जब उसका अध्ययन किया जाता है, तो दुनिया भर के लोगों को पता चलता है कि वह क्या करने गया था और उसकी मृत्यु कैसे हुई? यहीं से छत्रपति शिवाजी महाराज का नाम दुनिया के सामने आता है। राज ठाकरे ने इस मौके पर महत्वपूर्ण बयान देते हुए कहा कि वहां जो सजी हुई कब्र है उसे हटाओ। वहां एक बड़ा बोर्ड लगाओ। औरंगजेब, जो हम मराठों को नष्ट करने आया था, उसे यहां दफनाया गया है। यह हमारा इतिहास है। राज ठाकरे ने साफ कहा कि जब अफजल खान यहां आया तो उसने इतिहास क्यों पढ़ा? उसने इतिहास से सीखने के लिए इतिहास पढ़ा। अफजल खान यहां आया, प्रतापगढ़ के पास मारा गया, उसकी कब्र वहीं खोदी गई।

मराठों ने दफनाया
राज ठाकरे ने कहा कि मराठी में एक बहुत अच्छा शब्द है, ‘पुरून उरेन’। इसका मतलब है कि मैं दफन होकर भी जीवित रहूंगा। उन्होंने कहा कि अफजल खान को शिवाजी महाराज की अनुमति के बिना नहीं दफनाया गया होगा। महाराज ने निश्चित रूप से कहा होगा कि इसे दफनाओ, ताकि दुनिया को पता चले कि हमने किसे मारा है। राज ठाकरे ने कहा कि हमें उन लोगों के प्रतीकों को नष्ट नहीं करना चाहिए जिन्हें मराठों ने दफनाया है। हमें दुनिया को दिखाना चाहिए कि हमने इन्हें दफनाया है।

मोसाद का जिक्र
राज ठाकरे ने इजराइल की खुफिया एजेंसी मोसाद का उदाहरण देते हुए कहा कि मोसाद ने इजराइल में कई स्मारक बनाए हैं। लेकिन उन्होंने कुछ लोगों के स्मारक नहीं बनाए हैं। क्योंकि अगर वे ऐसा करते हैं, तो दुनिया को पता चल जाएगा कि यह काम उन्होंने किया है। राज ठाकरे ने कहा कि हमने किसे दफनाया है, यह दुनिया को क्यों नहीं दिखाना चाहते?

बच्चों को बताएं इतिहास
राज ठाकरे ने कहा कि स्कूलों से बच्चों को ऐसी जगहों पर ले जाना चाहिए और उन्हें बताना चाहिए कि महाराज ने इसे दफनाया था। यह हम पर राज करने आया था, हमारे धर्म पर हमला किया था। हमारी बहनों की इज्जत लूट रहा था। हमारे मंदिरों को तोड़ रहा था, इसलिए हमने इसे दफना दिया। उन्होंने कहा कि नहीं तो हम अगली पीढ़ी को क्या इतिहास बताएंगे?

Latest articles

खण्डेलवाल परिवार के दुख में शामिल हुए सांसद आलोक शर्मा, दी श्रद्धांजलि

भारतीय जनता पार्टी भोपाल लोकसभा के सांसद श्री आलोक शर्मा ने शनिवार को भारतीय...

नंबर टू उद्योगपति लेंगे राजधानी की सबसे कीमती जमीन, भेल का भी नंबर लग सकता है!

भोपाल! भरोसेमंद सूत्रों के अनुसार देश के ‘नंबर टू’ उद्योगपति अब भोपाल की फिजाओं में...

बीएचईएल थ्रिफ्ट सोसायटी की बैठक: सदस्यों को मिलेगा 6.25% ब्याज, उपहार में एक्सरसाइज बाइक देने पर विचार

भेल, भोपाल। बी.एच.ई.एल. थ्रिफ्ट एंड क्रेडिट को-ऑपरेटिव सोसायटी लिमिटेड, पिपलानी, भोपाल की प्रबंधकारिणी समिति की...

कॉर्पोरेट इंस्टीट्यूट ऑफ फार्मेसी में DBT प्रायोजित व्याख्यान श्रृंखला संपन्न: जैव प्रौद्योगिकी के भविष्य पर हुई चर्चा

भोपाल। भारत सरकार के बायोटेक्नोलॉजी विभाग (DBT) के सहयोग से भोपाल के कॉर्पोरेट इंस्टीट्यूट ऑफ...

More like this

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने दी होली व धुलंडी की शुभकामनाएं

जयपुर भजनलाल शर्मा ने होली एवं धुलंडी के पावन पर्व पर प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई...

मप्र में अवैध कॉलोनियों पर सख्ती की तैयारी, 90 दिन में एफआईआर और 10 साल तक की सजा का प्रस्ताव

भोपाल मप्र में तेजी से बढ़ रही अवैध कॉलोनियों पर रोक लगाने के लिए राज्य...