श्रीनगर
बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए हर साल होने वाली प्रसिद्ध अमरनाथ यात्रा का डेट आ गई है। इस साल अमरनाथ यात्रा 3 जुलाई से शुरू होकर 9 अगस्त तक चलेगी। यानी इस साल पवित्र अमरनाथ यात्रा की अवधि 38 दिनों की होगी। यात्रा की तारीखों की आधिकारिक घोषणा श्री अमरनाथजी श्राइन बोर्ड की बैठक में किया गया। दरअसल दक्षिण कश्मीर हिमालय में भगवान शिव के पवित्र मंदिर की वार्षिक अमरनाथ यात्रा जुलाई से अगस्त के महीने तक हर साल होती है। यात्रा प्रबंधन की जिम्मेदारी और आरंभ और समापन तिथियों का निर्णय अमरनाथ श्राइन बोर्ड की ओर से लिया जाता है।
कितनी ऊंचाई पर हैं अमरनाथ गुफा?
यात्रा स्कंद षष्ठी के शुभ अवसर पर शुरू होती है और श्रावण पूर्णिमा के अवसर पर समाप्त होती है। वर्ष के इस समय के दौरान, तीर्थयात्रियों के लिए मौसम काफी सुखद रहता है। यह क्षेत्र वर्ष के बाकी समय बर्फ से ढका रहता है, इसलिए उन महीनों के दौरान यहां नहीं जाया जा सकता है। अमरनाथ की यात्रा श्रीनगर और पहलगाम से शुरू होती है और अमरनाथ गुफा तक जाती है जो 3,888 मीटर की ऊंचाई पर स्थित है।
इन मार्गों से होती है अमरनाथ यात्रा
38 दिनों तक चलने वाली अमरनाथ यात्रा दो रास्तों से होती है। एक एास्ता अनंतनाग जिले में पारंपरिक 48 किलोमीटर लंबा नुनवान-पहलगाम मार्ग का है जबकि दूसरा रास्ता गांदेरबल जिले में 14 किलोमीटर लंबा बालटाल से होते हुए है। श्रीनगर से 141 किलोमीटर दूर और समुद्र तल से 12,756 फीट की ऊंचाई पर स्थित अमरनाथ यात्रा करने के लिए हर साल लाखों की तादाद में भक्त बाबा बर्फानी के दर्शन करने पहुंचते हैं।
अमरनाथ यात्रा के लिए कहां से करें रजिस्ट्रेशन
बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए जाने वाले श्रद्धालुओं को रजिस्ट्रेशन कराना जरूरी होता है। ऐसे में भक्त श्री अमरनाथ श्राइन बोर्ड की ऑफिशियल वेबसाइट https://jksasb.nic.in पर जाकर रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं। इसके अलावा अमरनाथ श्राइन बोर्ड की मोबाइल एप्लिकेशन से भी अमरनाथ यात्रा के लिए रजिस्ट्रेशन किया जा सकता है।
