भोपाल
बीएचईई थ्रिफ्ट एंड क्रेडिट कॉ-ऑपरेटिव सोसायटी के सचिव कमलेश नागपुरे ने संस्था अध्यक्ष पर गंभीर आरोप लगाया कि सदस्यों को लाभांश बांटने का मन ही नहीं रखते ं हंै अगर लाभांश बांटना ही होता तो वह समय पर आम सभा कर सदस्यों को विधिवत लाभांश वितरित करने की घोषणा करते । श्री नागपुरे का कहना है कि वह बतायें कि किस धारा के तहत बिना आमसभा किए सदस्यों को लाभांश वितरित किया जाएगा । जब संचालक मंडल का कार्यकाल समाप्त हो चुका है और संचालक मंडल की बैठक का क्या औचित्य है।
उन्होंने बताया कि वित्तीय वर्ष की समाप्ति पश्चात 30 दिनों के अंदर धारा 52 के अनुसार आय व्यय लेखा-जोखा लाभ हानि पत्रक जारी किया जाना चाहिए और संचालक मंडल को विधिवत बैठक बुलाकर अवगत कराना चाहिए परंतु अध्यक्ष ने बिना संचालक मंडल को लाभ हानि पत्रक की विधिवत जानकारी ना अवगत कराते हुए गुपचुप तरीके से चुनाव जीतने के चक्कर में सोशल मीडिया में बैलेंस शीट के आंकड़े जारी कर दिये जो कि अवैधानिक कर दिये थे वहीं संस्था के विधान के अनुसार 40 वीआईआई बिंदु में साफ तौर पर लिखा है कि संचालकों को विधिवत रूप से 7 दिन पूर्व एजेंडा जारी किया जाएगा आनन-फानन में अन्य लोगों के सोशल मीडिया पर एजेंडा जारी किया जिसकी जानकारी संचालकों को नहीं थी ।
वह जानबूझकर प्रोपेगेंडा किया गया संचालक मंडल को 30 सितंबर के पश्चात आम सभा बुलाने का अधिकार नहीं है वह सेंट्रल रजिस्ट्रार के अनुमति से ही हो पाएगी। थ्रिफ्ट के चुनाव के जीतने चक्कार में एक ही क्षेत्र के आपस में मिले हुये कुछ संचालक एक दूसरे को ज्ञापन सौंपकर सदस्यों को गुमराह कर संस्था की छवि को धूमिल कर रहे हैं।
श्री नागपुरे के मुताबिक संस्था के बॉयलाज के 4 बिंदु में के कॉलम में साफ तौर पर लिखा है की कॉपरेटिव ईयर 1 अप्रैल से प्रारंभ होकर 31 मार्च तक माना जाता है उसके पश्चात धारा 39 के तहत 6 महीने के अंदर आम सभा बुलाने अत्यंत जरूरी है वहीं संचालक मंडल ने दिसंबर 2021 में ही बोर्ड की बैठक में चुनाव कराने की अनुमति प्रदान कर दी थी परंतु अपने अध्यक्ष पद पर बने रहने के फायदे के कारण ड्डअभी तक चुनाव कराने में जानबूझकर लेट लतीफी की जा रही हैं।
