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मैं ही क्यों? 8 महीने की प्रेग्नेंट हूं, अब क्या करूं? गूगल की छंटनी की शिकार महिला का दर्द

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नई दिल्ली

34 हफ्तों का अजन्मा बच्चा मेरे गर्भ में पल रहा है। बस एक हफ्ते का इंतजार है और फिर मैं अपने बच्चे को देख पाउंगी। अगले हफ्ते से मैटरनिटी लीव पर जा रही हूं। सबकुछ अच्छा लग रहा है। मेरी टीम मेरा पूरा ख्याल रखती है। इस हफ्ते मैं डॉक्यूमेंट हैंडओवर कर दूंगी, ताकि आराम से छुट्टी पर जा सकूं। सूकून से अपने बच्चे के स्वागत की तैयारियां कर सकूं। सब ठीक चल रहा था। अचानक फोन पर मैसेज का नोटिफिकेशन आया। मैसेज खोलकर देखा तो धड़कने तेज हो गई। दिल बैठ गया। मेरे हाथ कांपने लगे। विश्वास नहीं हो रहा था, लेकिन सच था। मैं उन 12000 लोगों में शामिल थी, जिसे गूगल ने नौकरी से बाहर कर दिया था।

मैं ही क्यों?
दिमाग में पहला ख्याल आया, आखिर मैं ही क्यों? इस वक्त क्यों? मेरे लिए मुश्किल हो रहा था इस बात को समझना कि आखिर मैं कैसे उन 12000 लोगों में शामिल हो गई, जबकि प्रोग्राम मैनेजर के तौर पर मेरे परफॉर्मेंस को पॉजिटिव रिव्यू मिला था। मेरे काम से कंपनी खुश थी। मेरी टीम ग्रोथ कर रही थी। मैंने अब तक कई मुश्किल प्रोजेक्ट को पूरा किया, लेकिन ये सबसे कठिन है। इसकी टाइमिंग ही गलत है। कुछ समझ नहीं आ रहा है। अब क्या करूं।

34 हफ्ते की प्रेग्नेंट हूं, कहां नौकरी की तलाश करूं
मेरे नौकरी जाने की टाइमिंग इतनी खराब है कि क्या करूं। 34 हफ्ते की प्रेग्नेंट हूं। कहां जाऊं, किससे नौकरी के लिए बात करूं। मोबाइल फोन पर घंटी लगातार बज रही है। लोग व्हाट्सऐप कर रहे हैं। लोगों को मेरी चिंता सता रही है और मुझे अपने बच्चे की टेंशन हो रही है। इस हालत में क्या करूं कुछ समझ नहीं पा रही। दिल बैठता जा रहा है। शरीर कांप रहा है, आंखों के सामने अंधेरा सा छा रहा है, लेकिन मैं अपने ऊपर निगेटिविटी को हावी नहीं होने देना चाहती, क्योंकि मेरी शरीर के भीतर एक नन्ही सी जिंदगी पल रही है। मैं नहीं चाहती कि इस मेरे भीतर उफन रहे इन नकारात्मक भावनाओं का असर मेरे बच्चे पर हो। कोशिश कर रही हूं, लेकिन हाथ हैं जो लगातार कांपते जा रहे हैं।

अभी भी गूगल से प्यार
दिल रो रहा है, लेकिन खुश रहने की कोशिश कर रही हूं। चिंताएं सता रही है कि आखिरी आगे क्या होगा। खर्च कैसे चलेगा। भले ही मेरी नौकरी चली गई, लेकिन अभी भी मुझे अपनी कंपनी से प्यार है। खासकर अपनी टीम से, जो अभी भी मेरे साथ खड़ी है। मुझे अपनी टीम पर गर्व है। मैं काम की तलाश करूंगी, लेकिन फिलहाल मेरा पूरा फोकस मेरा बच्चा है। मैं चाहती हूं कि मेरा बच्चा सुरक्षित दुनिया में आए। मैं जानती हूं कि मैं ठीक हो जाउंगी। मुझे पता है कि मुझे फिर से मौका मिलेगा और मैं खुद को फिर से साबित करूंगी। नौकरी जाने के बीच मैं अपने बच्चे की परवरिश के लिए काफी पॉजीटिव रहना चाहती हूं। ये कहानी गूगल में प्रोग्राम मैनेजर के तौर पर काम करने वाली कैथरीन की है। जिसे कंपनी ने अचानक नौकरी से निकाल दिया। कैथरीन उन 12 हजार कर्मचारियों में शामिल है, जिनकी छंटनी हाल में गूगल ने की है। कैथरीन ने लिंक्डइन पर नौकरी जाने की अपनी कहानी को बयां किया है। जिसे पढ़कर आप भावुक हो जाएंगे।

21 साल की नौकरी के बाद जब कंपनी को कहा अलविदा
हाल ही में माइक्रोसॉफ्ट ने भी 10 हजार कर्मचारियों की छंटनी कर दी है। टेक कंपनी के एक पूर्व कर्मचारी ने लिंक्डइन पर पोस्ट लिखकर नौकरी जाने के अपने दर्द को बयां किया। उसे बताया कि 21 सालों के बाद जब नौकरी छोड़नी पड़ती है तो कैसा लगता है। सोशल मीडिया पर ये पोस्ट भी खूब वायरल हो रहा है।

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