नई दिल्ली
आरबीआई की मौद्रिक नीति समिति की बैठक में यूपीआई से जुड़े भी बड़े फैसले लिये गए हैं। आरबीआई गवर्नर शक्तिकांत दास ने अपने स्टेटमेंट में इस बारे में जानकारी दी। आरबीआई ने यूपीआई लाइट पर ट्रांजेक्शन लिमिट को बढ़ा दिया गया है। वहीं, जल्द ही ऑफलाइन पेमेंट्स की सुविधा भी लायी जाएगी। आरबीआई गवर्नर ने यूपीआई पेमेंट्स (UPI को बढ़ाने के लिए कई उपायों की घोषणा की है। इनमें यूपीआई लाइट पर ट्राजेक्शन लिमिट को 200 रुपये से बढ़ाकर 500 रुपये करना भी शामिल है। दास ने यह भी कहा कि जल्द ही यूपीआई के जरिए ऑफलाइन पेमेंट्स की सुविधा को भी लाया जाएगा। साथ ही यूपीआई प्लेटफॉर्म पर कन्वर्सेशनल पेमेट्स की सुविधा भी शुरू की जाएगी।
बढ़ी ट्रांजेक्शन लिमिट
इस तरह आरबीआई की इस एमपीसी बैठक में यूपीआई से जुड़ी तीन घोषणाएं हुई हैं। पहला यूपीआई पर कन्वर्सेशनल पेमेंट्स की सुविधा लायी जाएगी। यूपीआई पर ऑफलाइन पेमेंट्स की सुविधा होगी। तीसरी- यूपीआई लाइट पर ट्रांजेक्शन लिमिट को 200 रुपये से बढ़ाकर 500 रुपये किया गया है।
इस साल महंगाई दर के 5.4 फीसदी पर रहने का अनुमान
आरबीआई गवर्नर शक्तिकांत दास ने कहा कि साल 2023-24 में उपभोक्ता मूल्य सूचकांक आधारित मुद्रास्फीति यानी खुदरा महंगाई दर के 5.4 फीसदी पर रहने का अनुमान है। चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में खुदरा महंगाई के 6.2 फीसदी, तीसरी तिमाही में 5.7 फीसदी, चौथी तिमाही में 5.2 फीसदी और वित्त वर्ष 2024-25 की पहली तिमाही में 5.2 फीसदी रहने का अनुमान है।
600 अरब डॉलर के पार गया विदेशी मुद्रा भंडार
आरबीआई गवर्नर शक्तिकांत दास ने कहा कि भारतीय रुपया जनवरी, 2023 से स्टेबल बना हुआ है। उन्होंने कहा कि भारत का विदेशी मुद्रा भंडार 600 अरब डॉलर के पार चला गया है।
