क्विटो:
मैक्सिको के राष्ट्रपति आंद्रेस मैनुअल लोपेज ओब्राडोर ने क्विटो स्थित मैक्सिको के दूतावास में पुलिस के घुसने की घटना के बाद शुक्रवार शाम को कहा कि उनका देश इक्वाडोर के साथ राजनयिक संबंध समाप्त कर रहा है। इक्वाडोर और मैक्सिको के बीच राजनयिक संबंधों में दरार उस समय और गहरी हो गई, जब इक्वाडोर के पुलिस अधिकारियों ने देश की राजधानी क्विटो स्थित मैक्सिको दूतावास में जबरन घुसकर इक्वाडोर के पूर्व उपराष्ट्रपति जॉर्ज ग्लास को हिरासत में ले लिया था।
दूतावास का दरवाजा तोड़कर घुसी पुलिस
जॉर्ज ग्लास ने मैक्सिको के दूतावास में राजनीतिक शरण दिए जाने का अनुरोध किया था। इस घटनाक्रम के बाद मैक्सिको के राष्ट्रपति आंद्रेस मैनुअल लोपेज ओब्राडोर ने इक्वाडोर के साथ राजनयिक संबंध समाप्त करने की घोषणा की। पुलिस ने इक्वाडोर की राजधानी में मैक्सिको दूतावास के बाहरी दरवाजे तोड़ दिए और ग्लास को पकड़ने के लिए मुख्य परिसर में प्रवेश किया।
मैक्सिको के राजदूत बोले- यह पागलपन
मैक्सिको के वाणिज्यिक दूतावास के प्रमुख रॉबर्टो कैंसेको ने दूतावास के बाहर मौजूद मीडियाकर्मियों से कहा, ”ऐसा नहीं हो सकता। ये नहीं हो सकता। यह पागलपन है।” उन्होंने कहा, ”मैं बहुत चिंतित हूं क्योंकि वे उनकी (ग्लास की) हत्या कर सकते हैं। ऐसा करने का कोई आधार नहीं है। यह पूरी तरह से मानक से बाहर है।”
इक्वाडोर के राष्ट्रपति ने फैसले का किया बचाव
अपने फैसले का बचाव करते हुए, इक्वाडोर के राष्ट्रपति ने एक बयान में कहा, ”इक्वाडोर एक संप्रभु राष्ट्र है और हम किसी भी अपराधी को खुलेआम घूमने की अनुमति नहीं देंगे।” लोपेज ओब्रेडोर ने ग्लास की हिरासत को “सत्तावादी कृत्य” और “अंतरराष्ट्रीय कानून एवं मैक्सिको की संप्रभुता का घोर उल्लंघन” बताते हुए पलटवार किया। इक्वाडोर के विदेश मंत्रालय और इक्वाडोर के आंतरिक मंत्रालय ने इस टिप्पणी के अनुरोध का तुरंत जवाब नहीं दिया। क्विटो में मैक्सिको के दूतावास के बाहर शुक्रवार देर रात भारी पुलिस पहरा रहा।
