नई दिल्ली
हरियाणा और जम्मू कश्मीर के बाद कांग्रेस अब झारखंड के असेंबली चुनावों के मद्देनजर अपना चुनावी अभियान शुरू करने जा रही है। पार्टी ने अपना चुनावी शंखनाद महिला पर आयोजित एक कार्यक्रम के जरिए करने की योजना बनाई है, जिसमें वह झारखंड सरकार की ओर से चल रही मईया योजना के सहारे आधी आबादी तक पहुंचने की कोशिश करेगी। एक तरफ कांग्रेस ने लोगों के बीच जाने की योजना बनाई है तो वहीं दूसरी ओर पार्टी के भीतर उम्मीदवारी को लेकर भी मंथन चल रहा है।
उल्लेखनीय है कि हेमंत सोरेन सरकार की ओर से महिलाओं के लिए शुरू की गई योजना को महिलाओं से मिल रहे रिस्पॉन्स से सत्तारूढ़ गठबंधन काफी उत्साहित है। सरकार के बाद अब कांग्रेस ने इस योजना को जमीन पर उतारने के लिए ब्लॉक स्तर तक जाने की योजना बनाई है। दरअसल, इस कार्यक्रम में महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए जमीन पर काम करने वाली महिलाओं को सम्मानित किया जाएगा। इसमें रांची सहित आसपास की 15 विधानसभाओं की महिलाएं शामिल होंगी। कार्यक्रम में जहां प्रदेश नेतृत्व शामिल होगा, वहीं राष्ट्रीय स्तर से नेता भी हिस्सा लेने पहुंचेंगे।
सूत्रों के मुताबिक, कांग्रेस में इन दिनों उम्मीदवारों को लेकर जहां रायशुमारी का दौरा चल रहा है। इसके लिए अलग-अलग स्तर पर सर्वे हो रहे हैं तो वहीं स्क्रीनिंग कमिटि से लेकर जिला पर्यवेक्षक तक रायशुमारी की कवायद को अंजाम दे रहे हैं। सितंबर के शुरू में चुनाव के मद्देनजर गिरीश चोडनकर की अध्यक्षता में बनी स्क्रीनिंग कमिटि ने जिलेवार राज्य का दौरा किया था। इनमें अलावा प्रदेश के सह प्रभारियों ने भी अपने स्तर पर दौरा किया था। पिछले दिनों उम्मीदवारी को लेकर आवेदन मंगाए गए, वहीं ब्लॉक स्तर से लेकर जिले तक हर सीट पर संभावित चेहरों के बारे में जमीन पर लोगों की राय ली जा रही है।
दरअसल, हाल ही में कांग्रेस ने झारखंड में हर जिले में पर्यवेक्षक नियुक्त किए हैं। वहीं सभी ब्लॉक अध्यक्षों से कहा गया है कि वे अपनी अपनी ओर से पांच पांच नामों का सिफारिश जिला स्तर पर भेजे। ब्लॉक स्तर से आए इन नामों पर जिला पर्यवेक्षकों की मौजूदगी में जिला स्तर पर मंथन होगा, जिसमें जिला स्तर के तमाम पदाधिकारी चर्चा कर 25 सितंबर तक अपनी ओर से पांच नामों को एक पैनल बनाकर प्रदेश इकाई को भेजेंगे। सूत्रों के मुताबिक, महीने के आखिर में झारखंड के विभिन्न जिलों से आए इन नामों पर स्क्रीनिंग कमिटि आपस में मंथन कर सकती है।
चर्चा है कि अक्टूबर के दूसरे हफ्ते में चुनाव आयोग झारखंड और महाराष्ट्र चुनावों का ऐलान कर सकता है। पार्टी का मानना है कि तब तक वह उम्मीदवारी के अपने काम को लगभग फाइनल कर ले। भले ही कांग्रेस झारखंड के साथ मिलकर चुनाव लड़ रही हो, लेकिन फिलहाल वह उम्मीदवारों को लेकर मंथन असेंबली की सभी 81 सीटों पर कर रही है। पिछली बार कांग्रेस 31 सीटों पर चुनाव लड़ी थी। फिलहाल उसके 17 विधायक हैं।
