भोपाल। मप्र सरकार की महत्वाकांक्षी ‘सुगम बस सेवा’ आगामी 1 अगस्त से शुरू होने जा रही है। पहले चरण में इंदौर को मुख्य केंद्र बनाते हुए प्रदेश के विभिन्न शहरों और जिलों के लिए 250 बसें संचालित की जाएंगी। सरकार ने इस सेवा के लिए बेसिक किराया 1.25 रुपए प्रति किलोमीटर निर्धारित किया है, जिसके अनुसार 100 किलोमीटर की यात्रा का किराया 125 रुपए होगा। परिवहन विभाग ने दूरी के आधार पर प्रमुख शहरों के लिए प्रस्तावित किराया सूची भी तैयार कर ली है।
सरकार का दावा है कि नई व्यवस्था से यात्रियों को किफायती, सुरक्षित और व्यवस्थित परिवहन सुविधा उपलब्ध होगी। परिवहन मंत्री राव उदय प्रताप सिंह ने बताया कि पहले चरण में संचालित होने वाली 250 बसों में 50 अंतर्राज्यीय बसें भी शामिल होंगी, जिससे यात्रियों को पड़ोसी राज्यों की यात्रा भी कम खर्च में करने का अवसर मिलेगा। उन्होंने कहा कि किराया निर्धारण में सभी आर्थिक और व्यावहारिक पहलुओं का ध्यान रखा गया है। राज्य में अब तक बस किराया तय करने के लिए कोई वैज्ञानिक प्रणाली नहीं थी, जिसके कारण त्योहारों और शादी-विवाह के मौसम में निजी बस संचालकों द्वारा मनमाना किराया वसूला जाता था। सुगम बस सेवा के लिए तय किया गया नया किराया फॉर्मूला इस प्रवृत्ति पर प्रभावी अंकुश लगाने में सहायक होगा।
सरकार की योजना अगले तीन वर्षों में चरणबद्ध तरीके से 5,206 सुगम बसों को सड़कों पर उतारने की है। अधिकारियों के अनुसार नई किराया व्यवस्था लागू होने से मध्यप्रदेश में बस यात्रा उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र और गुजरात जैसे पड़ोसी राज्यों की तुलना में अधिक सस्ती होगी। वहीं इंदौर से ग्वालियर, जबलपुर जैसे लंबी दूरी के रूटों पर यात्रियों को एक तरफ के सफर में 200 से 400 रुपए तक की बचत होने की संभावना है। सरकार का मानना है कि यह परियोजना प्रदेश में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को मजबूत करने के साथ-साथ आम यात्रियों को राहत प्रदान करेगी।
