9 C
London
Wednesday, May 13, 2026
HomeभोपालMP: जिला पंचायत अध्यक्ष चुनाव में हंगामा, दिग्विजय सिंह से धक्कामुक्की

MP: जिला पंचायत अध्यक्ष चुनाव में हंगामा, दिग्विजय सिंह से धक्कामुक्की

Published on

भोपाल,

मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में जिला पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी को लेकर बीजेपी और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच शुक्रवार को भिड़ंत हो गई. इस दौरान पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह और शिवराज सरकार में मंत्री भूपेंद्र सिंह के बीच धक्कामुक्की तक हो गई.भोपाल में सुबह से ही जिला पंचायत कार्यालय के बाहर हंगामा चल रहा था, जिसमें बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता और नेता मौजूद थे. दरअसल कांग्रेस के कुछ सदस्यों ने जिला पंचायत अध्यक्ष के चुनाव से ठीक पहले पाला बदल लिया.

इसकी भनक लगते ही पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह, पूर्व केंद्रीय मंत्री सुरेश पचौरी, कांग्रेस विधायक पीसी शर्मा, आरिफ मसूद सैकड़ों कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ जिला पंचायत कार्यालय पहुंच गए और जमकर हंगामा किया.स्थिति उस समय और विस्फोटक हो गई जब शिवराज सरकार में मंत्री भूपेंद्र सिंह और हुजूर से विधायक रामेश्वर शर्मा चुनाव के लिए सदस्यों को लेकर जिला पंचायत कार्यालय पहुंचे, जहां दिग्विजय सिंह समेत कांग्रेस नेता गाड़ी के सामने खड़े हो गए और मंत्री की गाड़ी को अंदर नहीं जाने दिया.

काफी देर तक हुआ हंगामा
इसी बीच बीजेपी विधायक रामेश्वर शर्मा एक महिला सदस्य को जिला पंचायत दफ्तर के अंदर ले गए और उस दौरान उन्होंने अपना मुंह ढंक कर रखा था.काफी देर तक हंगामा ऐसे ही जारी रहा और इसी हंगामे के बीच ज़िला पंचायत अध्यक्ष का चुनाव पूरा किया गया. आखिरकार नतीजे सामने आने के बाद हंगामा शांत हुआ और बीजेपी ने भोपाल जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर कब्ज़ा कर लिया. बीजेपी की रामकुंवर गुर्जर ने कांग्रेस की रश्मि भार्गव को हराकर भोपाल जिला पंचायत अध्यक्ष का चुनाव जीत लिया. रामकुंवर गुर्जर को 6 वोट मिले, वहीं रश्मि भार्गव को 4 वोट मिले.

‘यह तो कांग्रेस की बौखलाहट का प्रतीक’
इस घटना पर प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने दिग्विजय सिंह पर निशाना साधा है. उन्होंने कहा, ‘ऐसा अशोभनीय व्यवहार किसी पूर्व मुख्यमंत्री को शोभा नहीं देता है. पुलिस अफसर का कॉलर पकड़ रहे हैं. कलेक्ट्रेट के गेट को धक्का देकर तोड़ने की कोशिश कर रहे है. लोकतंत्र में जय और पराजय चलती रहती है, लेकिन ऐसी बौखलाहट कि आप पुलिस अफसर का कॉलर पकड़ें, यह अधिकार आपको किसने दिया? मुझे आश्चर्य है कि कोई व्यक्ति दस साल तक मुख्यमंत्री रहकर ऐसी प्रतिक्रिया दे! यह तो कांग्रेस की बौखलाहट का प्रतीक है. जमीन खिसक गई, तो गालियां दो, कॉलर पकड़ो, मैं इसकी घोर निंदा करता हूं’

Latest articles

असम के दूसरी बार मुख्यमंत्री बने हिमंता, 2 बीजेपी और 2 सहयोगी दलों से मंत्री बने, मोदी-शाह मौजूद रहे

गुवाहाटी। हिमंता बिस्वा सरमा लगातार दूसरी बार असम के मुख्यमंत्री बने हैं। असम के...

मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना से धनंजय तिवारी को मिली 14 हजार से अधिक रुपये की राहत

रायपुर। विष्णुदेव साय के नेतृत्व में संचालित मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना 2026...

बीएचईएल में नई भर्ती आर्टिजनों के वेतन पुनरीक्षण की मांग, ऐबू ने प्रबंधन को सौंपा ज्ञापन

भोपाल। बीएचईएल भोपाल में नई भर्ती कामगारों (आर्टिजनों) के हितों और वेतन विसंगतियों को...

उद्यमशीलता से प्रवासी राजस्थानियों ने देश-विदेश में बनाई अलग पहचान : मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा

जयपुर। भजनलाल शर्मा ने कहा कि प्रवासी राजस्थानियों ने अपनी उद्यमशीलता, मेहनत और दूरदर्शिता...

More like this

भोपाल जंक्शन का आउटर यात्रा कर रही महिलाओं के लिए बना असुरक्षित

भोपाल। प्रदेश की राजधानी भोपाल जंक्शन से दर्जनों ट्रेनें गुजरती हैं। इसमें निशातपुरा से...

कलेक्टर कार्यालय में जनसुनवाई: 157 आवेदकों ने सुनाई अपनी पीड़ा

अधिकारियों ने मौके पर किया कई समस्याओं का समाधान, त्वरित कार्यवाही के निर्देश भोपाल। कलेक्टर...

पटरी से उतरी शहर की लाइफलाइन: 350 से घटकर 50 रह गई बसों की संख्या

भोपाल। राजधानी की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई है। कभी शहर...