9.4 C
London
Friday, April 24, 2026
Homeभोपालबकरी का शिकार करने 150 किलोमीटर दूर पहुंची 'वीना', घरों में कैद...

बकरी का शिकार करने 150 किलोमीटर दूर पहुंची ‘वीना’, घरों में कैद हुए लोग, डर की वजह से शादियों पर संकट

Published on

मुरैना

मप्र के मुरैना जिले में एक भटकती मादा चीता ने दो दिनों में दो बकरियों का शिकार कर दिया। इसके अलावा मादा चीता ने मॉक चेज से एक चरवाहे का भी बुरी तरह डरा दिया। इस खौफ से गांवों के लोग अब घर के अंदर कैद हैं।

पवन के साथ हुई थी फरार
चीता वीरा, चीता पवन के साथ, 24 मार्च को कुनो राष्ट्रीय उद्यान की सुरक्षा से बाहर चली गई थी। पवन वापस लौट आया, जबकि वीरा मानव क्षेत्र में प्रवेश कर गई। एमपी के वन अधिकारियों के अनुसार, वीरा पहाड़गढ़ से आगे बढ़कर धनकुआं और चंचुल के रास्ते जौरा क्षेत्र के पगारा जंगल तक पहुंच गई और 150 किमी की दूरी तय की। जौरा चंबल नदी से लगभग 20 किमी दूर है।

एक ही चरवाहे की दो बकरियां मारीं
गुरुवार को वीरा ने एक बकरी का शिकार किया और फिर उसके रखवाले का पीछा किया। वीरा ने उसी चरवाहे की दूसरी बकरी को भी मारा था। शिकार पर निकले चीते के कारण, ग्रामीणों ने शाम के बाद बाहर निकलना बंद कर दिया है। यहां तक कि 18 अप्रैल को होने वाली शादी की तैयारियों पर भी असर पड़ा है।

यह पहली बार नहीं है, जब वीरा जंगल से बाहर निकली है। इस साल जनवरी में, यह लगभग 20 घंटों के बाद वीरपुर के सामान्य वन क्षेत्र में लौटने से पहले गांवों में भटक गई थी। वीरा दक्षिण अफ्रीका से स्थानांतरित चीतों की दूसरी खेप का हिस्सा है। इसे 20 दिसंबर, 2023 को खुले जंगल में छोड़ दिया गया था।

पवन उर्फ ओबन, भी वीरा के शुरुआती समय में उसके साथ था। यह भी समय-समय पर कूनो से बाहर घूमकर वनवासियों को सतर्क रखता है। पिछले साल जुलाई में, पवन को मध्य प्रदेश के वन अधिकारियों ने उत्तर प्रदेश के बॉर्डर से पकड़ा था। उसे माधव राष्ट्रीय उद्यान के किनारे स्थित एक गांव सरदारपुर में बछड़े की हत्या के बाद ट्रैंकुलाइज़ेशन किया गया। यह 75 वर्षों में भारत में चीते द्वारा किया गया पहला मवेशी शिकार था।

Latest articles

बंगाल चुनाव में ‘बंपर वोटिंग’, आज़ादी के बाद बना नया रिकॉर्ड, पहले चरण में 93% मतदान

तमिलनाडु के इतिहास में अब तक की सबसे ज़्यादा 85% वोटिंग कोलकाता। पश्चिम बंगाल और...

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने 92 वर्षीय डॉ. निर्मल घोष को किया सम्मानित, आपातकाल के संघर्षों को किया याद

बैकुंठपुर (कोरिया)। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कोरिया जिला मुख्यालय बैकुंठपुर के प्रवास...

ओसियां को 416 करोड़ की सौगात: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने की खेल स्टेडियम की घोषणा, बोले- उन्नत तकनीक से समृद्ध बनें किसान

ओसियां (जोधपुर)। राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने ओसियां उपखण्ड मुख्यालय के दौरे के...

जयपुर में ‘ग्राम-2026’ का शंखनाद: दिल्ली इन्वेस्टर मीट में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने निवेशकों को किया आमंत्रित

नई दिल्ली/जयपुर। राजस्थान की कृषि विकास यात्रा को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के...

More like this

एम्स भोपाल की ऐतिहासिक उपलब्धि: अलग ब्लड ग्रुप के बीच सफल किडनी ट्रांसप्लांट, पिता ने बेटे को दी नई जिंदगी

भोपाल। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स), भोपाल ने चिकित्सा के क्षेत्र में एक बड़ी मिसाल...

दादाजी धाम मंदिर में उमड़ा आस्था का सैलाब: माँ गंगा की आराधना संपन्न, आज मनाया जाएगा माँ पीतांबरा प्रकटोत्सव

भोपाल। रायसेन रोड स्थित पटेल नगर के जागृत तीर्थ स्थल दादाजी धाम मंदिर में...

नायब तहसीलदार की प्रताड़ना से तंग आकर पटवारी ने दी जान

रतलाम। मप्र के रतलाम जिले में एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहाँ खजूरी...