धार ,
मध्य प्रदेश के धार स्थित भोजशाला को लेकर मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर बेंच के फैसले के बाद आर्किलोजिकल सर्वे ऑफ इंडिया (ASI) का दल शुक्रवार को भोजशाला का सर्वे करेगा. हाईकोर्ट की इंदौर बेंच ने पिछले हफ्ते ही आदेश दिया था कि भोजशाला का एएसआई सर्वे करे. हिंदू संगठनों के मुताबिक, धार स्थित कमाल मौलाना मस्जिद दरअसल मां सरस्वती मंदिर भोजशाला है, जिसे सन 1034 में राजा भोज ने संस्कृत की पढ़ाई के लिए बनवाया था. लेकिन बाद में मुगल आक्रांताओं ने उसे तोड़ दिया था.
इसी परिसर के वैज्ञानिक सर्वेक्षण के लिए हिंदू फ्रंट फॉर जस्टिस द्वारा हाईकोर्ट में आवेदन दिया था जिस पर पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट की इंदौर बेंच ने एएसआई को वैज्ञानिक सर्वेक्षण करने का आदेश दिया है. ASI ने अब सर्वे से पहले धार प्रशासन, एसपी से पर्याप्त सुरक्षा बल उपलब्ध कराने को कहा है ताकि सर्वे का काम ना रुके.
29 अप्रैल से पहले सौंपनी होगी रिपोर्ट
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर बेंच ने आदेश में कहा था कि परिसर में कार्बन डेटिंग विधि से एक विस्तृत वैज्ञानिक जांच की जानी चाहिए, जिससे जमीन के ऊपर और नीचे दोनों तरह की संरचना कितनी पुरानी है और उनकी उम्र का पता लगाया जा सके. अदालत की ओर से यह भी कहा गया कि सर्वेक्षण ये कार्यवाही दोनों पक्षों को दो प्रतिनिधियों की उपस्थिति में की जाए और उसकी वीडियोग्राफी होनी चाहिए. अब इस मामले की अगली सुनवाई 29 अप्रैल को होनी है. साथ ही कोर्ट ने ASI को 29 अप्रैल से पहले अपनी रिपोर्ट सौंपने का आदेश दिया है.
