15.6 C
London
Monday, June 8, 2026
Homeराज्यअशोक गहलोत ने माफी दांव चल पा लिया अभयदान! शक्ति प्रदर्शन करके...

अशोक गहलोत ने माफी दांव चल पा लिया अभयदान! शक्ति प्रदर्शन करके भी बचे

Published on

नई दिल्ली

राजस्थान की सियासत में बीते सप्ताह हलचल काफी तेज थी। कांग्रेस अध्यक्ष बनने की रेस में बताए जा रहे अशोक गहलोत के विधायकों ने बगावती तेवर दिखाते हुए हाईकमान के आदेश से उलट अलग मीटिंग बुला ली थी। माना जा रहा था कि सचिन पायलट को अशोक गहलोत की जगह सीएम न बनाया जाए, इसके लिए यह पूरी कवायद की गई थी। लेकिन पूरे मामला अशोक गहलोत गुट के लिए उलटा पड़ता दिखा, जब सोनिया गांधी ने नाराजगी दिखाई। इसके बाद अशोक गहलोत को उनसे मिलने के लिए भी दो दिन तक टाइम लेने के लिए इंतजार करना पड़ा। अशोक गहलोत की जब सोनिया गांधी से मुलाकात हुई तो वह पूरी तरह सरेंडर नजर आ रहे थे और कहा कि मैंने सोनिया जी से माफी मांग ली है।

इसी लाइन में उन्होंने यह भी कहा दिया था कि अब मैं अध्यक्ष पद का चुनाव नहीं लड़ूंगा। तब माना जा रहा था कि अशोक गहलोत ने सरेंडर कर दिया है और हाईकमान की ओर से उन पर ऐक्शन भी लिया जा सकता है। यानी सीएम की उनकी कुर्सी भी असुरक्षित नजर आ रही थी। हालांकि अब अशोक गहलोत का सरेंडर मोड ही कामयाब नजर आ रहा है और कयास लगाए जा रहे हैं कि शायद इस बार वह पूरा टर्म करेंगे। यही नहीं अशोक गहलोत के भी जयपुर पहुंचकर तेवर बदल गए हैं और वह एक बार फिर से सचिन पायलट गुट पर हमला बोलते दिख रहे हैं।

ताकत भी दिखाई और पायलट को आईना भी, क्या रणनीति
अशोक गहलोत ने रविवार को एक तरफ सचिन पायलट पर इशारों में हमला बोला तो वहीं अपनी ताकत भी दिखा दी। गहलोत ने कहा, ‘अध्यक्ष पद के लिए ऐसी परिस्थिति बन गई है। विधायकों ने मेरी बात भी नहीं मानी। ऐसी नौबत क्यों आई। पहली बार माफी मांगी। मोदी सरकार हमेशा कोशिश करेगी कि कैसे सरकार गिरा दें।’ यही नहीं इसी बहाने अशोक गहलोत ने अपने पक्ष में खड़े 102 विधायकों की ताकत का भी जिक्र कर दिया और सचिन पायलट गुट को सरकार गिराने की कोशिश पर आईना दिखाते नजर आए। अशोक गहलोत ने कहा, ‘हमारे विधायकों को अमित शाह ने मिठाई खिलाई थी। 102 लोगों (विधायक जो पायलट की बगावत के समय साथ खड़े थे) को कैसे भूल सकता हूं। 10 करोड़ का रेट था, बाद में 10, 20, 50 करोड़ की बात होने लगी थी।

इमोशनल कार्ड खेला, विधायकों से कनेक्ट का भी जिक्र
राजस्थान के सीएम ने इसके आगे इमोशनल कार्ड खेलते हुए विधायकों से अपने कनेक्ट का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा, ‘मैं कहीं रहूं या नहीं रहूं, यह अलग बात है। मैं विधायकों का अभिभावक हूं। आज दो-चार विधायक मेरे खिलाफ कमेंट भी कर देते हैं तो मैं बुरा नहीं मानता हूं।’ यही नहीं अशोक गहलोत ने इस मौके पर अध्यक्षी के चुनाव में उतरे मल्लिकार्जुन खड़गे की तारीफ भी की। अशोक गहलोत ने कहा कि खड़गे अनुभवी नेता हैं। शशि थरूर भी अच्छे हैं लेकिन एलिट क्लास के हैं।

 

Latest articles

मध्य प्रदेश में भाजपा उतारेगी तीसरा राज्यसभा कैंडिडेट, दिल्ली से मिली हरी झंडी

कल नामांकन दाखिल करेंगी कांग्रेस प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन भोपाल। मध्य प्रदेश में राज्यसभा की तीसरी...

जनता पर फिर महंगाई की मार: घरेलू गैस सिलिंडर 29 रुपये महंगा, विपक्षी दलों ने सरकार को घेरा

नई दिल्ली। एलपीजी गैस सिलिंडर की कीमत में बढ़ोतरी के बाद विपक्ष एक बार...

भोपाल के रेस्टोरेंट में आग, लोगों में हड़कंप, बुझाने के लिए दीवार तोड़कर घुसे दमकलकर्मी

भोपाल। राजधानी के लालघाटी क्षेत्र स्थित भोज इन रेस्टोरेंट में रविवार को अचानक आग...

सांसद आलोक शर्मा के प्रयास लाए रंग: सीहोर में फिर रुकेगी इंदौर-जबलपुर ओवरनाइट एक्सप्रेस

​भोपाल। लंबे समय से चली आ रही सीहोरवासियों की बड़ी मांग आखिरकार पूरी हो...

More like this

सुशासन तिहार के दौरान ठठारी पहुंचे मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, ऐतिहासिक चतुर्भुज विष्णु मंदिर में की पूजा-अर्चना

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सुशासन तिहार के तहत शनिवार को सक्ती जिले के...

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा का एसएमएस अस्पताल में औचक निरीक्षण, स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार के दिए निर्देश

जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने शनिवार को राजधानी जयपुर स्थित सवाई मानसिंह (एसएमएस) अस्पताल...

पंजाब में ‘युद्ध नशों के विरुद्ध’ अभियान को जन आंदोलन बनाने पर जोर, तीन विधानसभा क्षेत्रों में हुई समीक्षा बैठकें

पंजाब। पंजाब सरकार द्वारा मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व में चलाए जा रहे ‘युद्ध...