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Wednesday, March 11, 2026
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ऑपरेशन सिंदूर के बाद डिप्टी सीएम दीया कुमारी का फैसला! सैन्य परिवारों के लिए की बड़ी घोषणा

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जयपुर:

भारतीय सेना द्वारा चलाए गए ऑपरेशन सिंदूर की सफलता के बाद प्रदेश सरकार ने सैन्य परिवारों को बड़ा तोहफा दिया है। डिप्टी सीएम दीया कुमारी ने सैनिकों, स्वतंत्रता सेनानियों और वीरांगनाओं के लिए बड़ी घोषणा की है। डिप्टी सीएम दीया कुमारी के पास पर्यटन विभाग का कामकाज है। ऐसे में उन्होंने सैनिकों, स्वतंत्रता सेनानियों और वीरांगनाओं के लिए राजस्थान पर्यटन विकास निगम की होटलों में ठहरने पर बड़ी छूट देने का ऐलान किया है। उन्होंने कहा कि भारतीय सेना और सैन्य परिवारों के लिए जितना काम किया जाए, उतना कम ही है। वे अपनी जान की बाजी लगाकर सीमा पर तैनात रहते हैं और हमारी रक्षा करते हैं।

25 से 50 प्रतिशत की छूट लागू
डिप्टी सीएम दीया कुमारी ने आरटीडीसी के अंतर्गत संचालित सभी होटलों और गेस्ट हाउसों में सैनिकों, गौरव सेनानियों और वीरांगनाओं को विशेष छूट देने की घोषणा की है। यह पहल न सिर्फ सैन्य बलों के प्रति कृतज्ञता की अभिव्यक्ति है, बल्कि देश की रक्षा में दिए गए बलिदान को स्थायी रूप से स्मरण करने का प्रयास भी है। इसके तहत सैनिकों एवं गौरव सेनानियों को आरटीडीसी होटलों में 25 प्रतिशत छूट दी जाएगी। साथ ही वीरांगनाओं को 50 प्रतिशत छूट दी जाएगी। विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक यह छूट तत्काल प्रभाव से लागू कर दी गई है। इसके लिए लाभार्थियों को पहचान पत्र या अन्य संबंधित दस्तावेज दिखाना होगा।

सैनिकों की वीरता का सम्मान
उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी ने इस निर्णय को वीरता, बलिदान और देशभक्ति को सम्मान देने की दिशा में एक छोटा सा कदम बताया। उन्होंने कहा कि डबल इंजन की सरकार यह संदेश देना चाहती है कि जो हमारे देश की रक्षा में खड़े हैं। या जिन्होंने अपनों को खोया है, उनके प्रति हम सदैव ऋणी हैं। यह छूट महज एक सुविधा नहीं, बल्कि भावनात्मक कर्ज चुकाने का प्रयास है। राज्य सरकार द्वारा यह निर्णय ऑपरेशन सिंदूर की सफलता को देखते हुए लिया गया है। इस निर्णय की संवेदनशीलता और समय अत्यंत महत्वपूर्ण है। भारत-पाकिस्तान सीमा पर हालिया तनाव, विशेष रूप से ऑपरेशन सिंदूर के बाद, देश में सैन्य बलों के प्रति भावनात्मक एकता और समर्थन की लहर है।

विरासत से जोड़ने का प्रयास
ऑपरेशन सिंदूर, जिसे भारतीय सेना ने सीमांत क्षेत्रों में पाकिस्तान प्रायोजित आतंकवाद के खिलाफ सफलतापूर्वक अंजाम दिया, उसमें राजस्थान की जैसलमेर, बाड़मेर, बीकानेर और गंगानगर की सीमाओं पर तैनात जवानों ने साहस और धैर्य का अद्वितीय उदाहरण प्रस्तुत किया। उन्होंने बताया कि यह छूट सिर्फ सुविधा नहीं, बल्कि सैनिकों और उनके परिवारों को राजस्थान की संस्कृति, विरासत और विविध पर्यटन स्थलों से जोड़ने का एक माध्यम है। चाहे वह उदयपुर की झीलें हों, जैसलमेर के किले हों, पुष्कर की धार्मिक गरिमा हो या जयपुर का राजसी वैभव हर जगह आरटीडीसी के गेस्ट हाउस इन सभी स्थानों पर स्थित हैं।

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