नई दिल्ली
देश के जाने-माने उद्योगपति और टाटा संस के मानद चेयरमैन रतन नवल टाटा को पूरा देश अंतिम विदाई दे रहा। ऐसे में उनके पालतू कुत्ते गोवा का एक वीडियो सामने आया है, जिसे देखकर रतन टाटा के प्रति उस बेजुबान के प्यार को समझा जा सकता है। पूरा घटनाक्रम मुंबई का है जब रतन टाटा का पार्थिव शरीर अंतिम दर्शन के लिए रखा गया था। उस समय बेहद खास तस्वीर सामने आई, जब रतन टाटा का पालतू कुत्ता गोवा उनके प्रति अपने प्यार को जता रहा था। जानिए पूरा मामला।
मुंबई में मालिक रतन टाटा को विदाई देने पहुंचा गोवा
मुंबई में एनसीपीए लॉन के बाहर रतन टाटा का पार्थिव शरीर अंतिम दर्शन के लिए रखा गया था। उस समय बड़ी संख्या में लोगों ने उन्हें अपनी श्रद्धांजलि दी। इसी दौरान रतन टाटा के पालतू कुत्ते गोवा को भी वहां लाया गया। अपने मालिक से उसकी करीबी ऐसी थी कि वो अंतिम विदाई के दौरान रतन टाटा के पास से हटने को तैयार ही नहीं था।
रतन टाटा को उनके इस खास दोस्त ने यूं दी अंतिम विदाई
रतन टाटा के पालतू कुत्ते गोवा को हटाने की लगातार कोशिश की जा रही थी लेकिन वो उनके पार्थिव शरीर के पास से हटने को तैयार नहीं था। वो लगातार मालिक को आखिरी पलों में निहारते नजर आ रहा था। बहुत कोशिश के बाद भी गोवा अपने प्यारे मालिक के पास से हिलने का नाम नहीं ले रहा था। रतन टाटा के बारे में ये माना जाता है कि वो कुत्तों से बहुत प्यार करते थे। कहा जाता है कि एक बार टाटा ने ‘बॉम्बे हाउस’ के बाहर बारिश में एक आवारा कुत्ते को बारिश से बचने के लिए संघर्ष करते देखा था। इसी के बाद उन्होंने परिसर के अंदर कुत्तों के प्रवेश के संबंध में विशेष निर्देश दिए।
ऐसे रतन टाटा को मिला गोवा, जानिए कैसे पड़ा ये नाम
रतन टाटा दिग्गज उद्योगपति तो थे ही उनका जानवरों के प्रति अगाध प्रेम भी था। टाटा के लिए ‘गोवा’ केवल एक पालतू जानवर नहीं था। वह बॉम्बे हाउस, टाटा समूह के कॉर्पोरेट मुख्यालय में एक ऑफिस साथी भी था। टाटा ने गोवा की एक यात्रा के दौरान इस आवारा कुत्ते को रेस्क्यू किया था और उसे मुंबई लाने का फैसला किया। उसका नाम उनके बचाव की जगह के नाम पर रखा।
रतन टाटा की जिंदगी का अहम हिस्सा था गोवा
समय के साथ, ‘गोवा’ रतन टाटा के जीवन का एक प्रिय हिस्सा बन गया, जो टाटा के घर में अन्य कुत्तों के साथ रहता था। टाटा ने एक बार इंस्टाग्राम पर शेयर किया था कि इस दिवाली पर गोद लिए हुए बॉम्बे हाउस के कुत्तों के साथ कुछ दिल को छू लेने वाले पल, खासकर मेरे ऑफिस के साथी गोवा के साथ। जानवरों के प्रति उनका गहरा स्नेह जीवन भर स्पष्ट था, दो अन्य कुत्ते, टीटो और टैंगो भी उनके परिवार का हिस्सा थे।
