भोपाल ।
मध्य प्रदेश के शासकीय शिक्षकों के लिए नववर्ष, मकर संक्रांति एवं लोहड़ी के शुभ अवसर पर बड़ी सौगात मिली है। प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा 5 सितंबर को की गई घोषणा के अनुरूप मंत्रि-परिषद (कैबिनेट) ने नियुक्ति दिनांक से 35 वर्ष की सेवा पूर्ण करने वाले शिक्षकों को चतुर्थ मोन्नति / उच्चतर वेतनमान प्रदान करने की स्वीकृति दे दी है। इस निर्णय से प्रदेश के सहायक शिक्षक, प्राथमिक शिक्षक, उच्च श्रेणी शिक्षक, प्रधान पाठक एवं माध्यमिक शिक्षक वर्ग में हर्ष का वातावरण है। शिक्षा जगत ने इस ऐतिहासिक निर्णय के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का आभार व्यक्त किया है।
मध्य प्रदेश सहायक शिक्षक / शिक्षक संयुक्त मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष सुभाष शर्मा ने बताया कि वर्ष 2011 से इस मांग को लेकर निरंतर संघर्ष किया जा रहा था। शिक्षक महापंचायत (2014, उज्जैन), पदयात्रा, धरना-प्रदर्शन, भूख हड़ताल सहित विभिन्न आंदोलनों के माध्यम से शासन का ध्यान इस ओर आकर्षित किया गया। लंबे संघर्ष के बाद आज शिक्षकों की मांग को न्याय मिला है।
शिक्षक संगठनों ने कैबिनेट के इस निर्णय का स्वागत करते हुए उम्मीद जताई है कि शेष लंबित मांगों—नियुक्ति दिनांक से वरिष्ठता, पुरानी पेंशन योजना की बहाली, अनुकंपा नियुक्ति में सरलीकरण, केंद्र के समान ग्रेड पे तथा ई-अटेंडेंस प्रणाली पर पुनर्विचार—पर भी शीघ्र निर्णय लिया जाएगा।
