11.9 C
London
Thursday, May 14, 2026
Homeअडानी पर ब्रितानी अखबार की वो रिपोर्ट जिसने फैलाई सनसनी, क्‍या हैं...

अडानी पर ब्रितानी अखबार की वो रिपोर्ट जिसने फैलाई सनसनी, क्‍या हैं आरोप, कैसे मामले ने पकड़ा तूल?

Published on

नई दिल्‍ली:

ब्रिटिश अखबार ‘फाइनेंशियल टाइम्स’ ने कुछ दस्तावेजों का हवाला देकर एक खबर प्रकाशित की है। इसने खलबली मचा दी है। इसमें दावा किया गया है कि अडानी ग्रुप ने सार्वजनिक क्षेत्र की ‘तमिलनाडु जेनरेशन एंड डिस्ट्रीब्यूशन कॉरपोरेशन’ (टीएएनजीईडीसीओ) को कम गुणवत्ता वाला कोयला कहीं अधिक कीमत पर स्वच्छ ईंधन के नाम पर बेचा। चुनावी माहौल में इस पूरे मामले ने तूल पकड़ लिया है। इस पर कांग्रेस आक्रामक हो गई है। पार्टी के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने इसे घोटाला करार देते हुए बीजेपी सरकार पर निशाना साधा है। उन्‍होंने कहा है कि ‘इस घोटाले’ के जरिये ‘प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रिय मित्र’ ने कम गुणवत्ता वाले कोयले को तीन गुने दाम पर बेचकर हजारों करोड़ रुपये लूटे हैं। इसकी कीमत आम जनता ने बिजली का महंगा बिल भरकर अपनी जेब से चुकाई है। फाइनेंशियल टाइम्‍स की रिपोर्ट में क्‍या है? आइए, यहां जानते हैं।

क्‍या कहती है फाइनेंशियल टाइम्‍स की रिपोर्ट?
ब्रितानी अखबार फाइनेंशियल टाइम्‍स की रिपोर्ट के मुताबिक, अडानी ग्रुप सरकारी बिजली कंपनी के साथ लेनदेन के दौरान घटिया किस्म के कोयले को कहीं ज्‍यादा महंगे स्वच्छ ईंधन के तौर पर बेचने में शामिल था। अखबार ने दावा किया उसकी रिपोर्ट साक्ष्यों पर आधारित है जो लंबे समय से चल रहे कोयला घोटाले के आरोपों पर नई रोशनी डालती है।

रिपोर्ट कहती है कि ऑर्गनाइज्‍ड क्राइम एंड करप्‍शन रिपोर्टिंग प्रोजेक्‍ट (OCCRP) ने दस्‍तावेजों को सुरक्षित रखा है। फाइनेंशियल टाइम्‍स ने इन दस्‍तावेजों की समीक्षा की है। ब्रितानी अखबार ने कहा है कि भारतीय समूह से जुड़े भ्रष्टाचार के आरोप संभावित पर्यावरणीय आयाम जोड़ते हैं। दस्तावेजों से पता चलता है कि मुमकिन है क‍ि अडानी ग्रुप ने एयर क्‍वालिटी की कीमत पर धोखाधड़ी से बंपर मुनाफा कमाया हो। ऐसा इसलिए है क्योंकि बिजली के लिए निम्न-श्रेणी के कोयले का इस्‍तेमाल करने का मतलब है कि ईंधन का अधिक उपयोग होना।

र‍िपोर्ट में जताया गया है यह बड़ा संदेह
फाइनेंशियल टाइम्‍स की रिपोर्ट कहती है कि इनवॉयस से पता चलता है कि जनवरी 2014 में अडानी ग्रुप ने इंडोनेशियाई कोयले की एक खेप खरीदी थी। इसमें प्रति किलोग्राम 3,500 कैलोरी होने की सूचना दी गई थी। इस खेप को फिर तमिलनाडु जनरेशन एंड डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी (टीएएनजीईडीसीओ) को 6,000 कैलोरी वाले कोयले के रूप में बेचा गया। इसे सबसे मूल्यवान ग्रेड में से एक माना जाता है। रिपोर्ट में संदेह जताया गया है कि ऐसा लगता है कि परिवहन लागत को ध्यान में रखते हुए अडानी ने शुरुआती निवेश से दोगुना से भी अधिक पैसा कमाया है।

रिपोर्ट कहती है कि भारत में हर साल 20 लाख से ज्‍यादा लोग आउटडोर एयर पलूशन के कारण मरते हैं। यह जानकारी द लैंसेट में प्रकाशित 2022 के एक अध्ययन पर आधारित है। इसके अलावा अन्य अध्ययनों से पता चला है कि कोयले से चलने वाले बिजली संयंत्रों के बड़े दायरे में बाल मृत्यु दर में उल्लेखनीय बढ़ोतरी हुई है।कांग्रेस ने दावा किया है कि चुनाव के बाद अगर I.N.D.I.A गठबंधन की सरकार बनती है तो इस तरह के मामलों की जांच के लिए संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) गठित की जाएगी। वह इन आरोपों की जांच करेगी।

Latest articles

देवास: पटाखा फैक्ट्री में भीषण ब्लास्ट, 3 मजदूरों की मौत, शवों के उड़कर दूर जा गिरे टुकड़े

मध्य प्रदेश के देवास जिले के टोंक कलां इलाके में गुरुवार सुबह करीब 11:30...

भीषण गर्मी से तपने लगा मध्य प्रदेश, पारा 45 डिग्री पार, मालवा-निमाड़ में लू का अलर्ट

भोपाल। मध्य प्रदेश में मौसम ने अचानक करवट बदल ली है। बीते दिनों आंधी-बारिश...

सीएम शुभेंदु का बड़ा कदम: बंगाल के स्कूलों में अब वंदे मातरम गीत गाना अनिवार्य, सख्ती से पालन करने का निर्देश

कोलकाता। पश्चिम बंगाल सरकार ने राज्य के सभी सरकारी और सहायता प्राप्त स्कूलों में...

More like this

कॉर्पोरेट इंस्टीट्यूट ऑफ फार्मेसी में DBT प्रायोजित व्याख्यान श्रृंखला संपन्न: जैव प्रौद्योगिकी के भविष्य पर हुई चर्चा

भोपाल। भारत सरकार के बायोटेक्नोलॉजी विभाग (DBT) के सहयोग से भोपाल के कॉर्पोरेट इंस्टीट्यूट ऑफ...

संबलपुरी परिवार ने मधुबन गार्डन में उल्लास और परंपरा के साथ मनाया पुष्पुनी तिहार

पॉवर पश्चिमी ओडिशा की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक पुष्पुनी तिहार का भव्य आयोजन रविवार...