20 C
London
Saturday, May 30, 2026
Homeराज्यपार्थ चटर्जी को शिक्षा विभाग में भ्रष्टाचार का पता था, पूर्व TMC...

पार्थ चटर्जी को शिक्षा विभाग में भ्रष्टाचार का पता था, पूर्व TMC नेता का खुलासा

Published on

कोलकाता,

पश्चिम बंगाल में शिक्षा भर्ती घोटाले में ममता सरकार के पूर्व मंत्री पार्थ चटर्जी पर लगातार शिकंजा कसता जा रहा है. वहीं ईडी की जांच में भी रोजाना नए खुलासे हो रहे हैं. अब TMC की पूर्व नेता ने पार्थ चटर्जी को लेकर बड़ा खुलासा किया है. उन्होंने कहा कि पार्थ चटर्जी को शिक्षा विभाग में बड़े पैमाने पर हो रहे भ्रष्टाचार के बारे में जानकारी थी, लेकिन उन्होंने कोई कार्रवाई नहीं की.

आजतक से बातचीत में पश्चिम बंगाल कॉलेज और यूनिवर्सिटीज की प्रोफेसर एसोसिएशन (WBCUPA) की पूर्व महासचिव बैसाखी बनर्जी ने पार्थ चटर्जी को लेकर कई खुलासे किए हैं. उन्होंने कहा कि शिक्षा मंत्रालय में लोगों ने पैसे लिए, लेकिन चटर्जी ने उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की. पार्थ शिक्षा विभाग के भ्रष्टाचार के बारे में भी जानते थे, लेकिन उन्होंने कोई एक्शन नहीं लिया.

बैसाखी ने साल 2017 की एक घटना सुनाते हुए कहा कि जब पार्थ चटर्जी ने उन्हें कलकत्ता विश्वविद्यालय के उर्दू विभाग में एक महिला को नियुक्त करने के लिए कहा था. बैसाखी ने कहा कि उनके पास न तो नौकरी का आवेदन था और न ही उस समय कोई नौकरी का पद उपलब्ध था, लेकिन पार्थ ने मुझे एक बैक डेट के साथ एक डॉक्यूमेंट बनाने के लिए कहा. उन्होंने मुझसे कहा कि अगर मैं ऐसा करती हूं तो राजभवन कंट्रोल में होगा. उन्होंने बताया कि जब ये वाकया हुआ, तब केशरी नाथ त्रिपाठी पश्चिम बंगाल के राज्यपाल थे.

बैसाखी ने किए कई खुलासे
बैसाखी ने कहा कि पार्थ चटर्जी नहीं चाहते थे कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी सरकारी विश्वविद्यालयों की चांसलर बनें. बैसाखी बनर्जी ने कहा कि एक बार पार्थ ने उनसे कहा था कि “क्या मैं पागल हूं दो ममता बनर्जी को चांसलर बनने दूंगा?” बैसाखी ने बताया कि ऐसा होने पर पार्थ चटर्जी की साख दांव पर लग जाती.

कौन हैं बैसाखी बनर्जी?
बैसाखी बनर्जी TMC के प्रोफेसर सेल की महासचिव थीं, इस सेल को पश्चिम बंगाल कॉलेज और यूनिवर्सिटी प्रोफेसर एसोसिएशन (डब्ल्यूबीसीयूपीए) के नाम से जाना जाता है. बैसाखी 2016 के अंत से 2017 तक एसोसिएशन की महासचिव थीं. वह 2019 में भाजपा में शामिल होने से पहले TMC में भी थीं. 2021 में उन्होंने भाजपा को भी छोड़ दिया.

Latest articles

एनटीपीसी बोंगाईगांव को दोहरा राष्ट्रीय सम्मान: सुरक्षा और सीएसआर में उत्कृष्टता के लिए मिले दो प्रतिष्ठित पुरस्कार, स्वर्ण श्रेणी में मारी बाजी

नई दिल्ली। परिचालन उत्कृष्टता, कार्यस्थल सुरक्षा, पर्यावरण संरक्षण और सामुदायिक विकास के प्रति अपनी...

विधायक सबनानी पहुंचे जनता के द्वार: रोशनपुरा और राहुल नगर बस्ती का किया निरीक्षण, अधिकारियों को दिए जनसमस्याएं तुरंत सुलझाने के निर्देश

भोपाल। दक्षिण-पश्चिम विधानसभा क्षेत्र के विधायक भगवानदास सबनानी ने शुक्रवार को अपने क्षेत्र की...

पद्मश्री गोडबोले दंपति से मिले सीएम विष्णुदेव साय: बोले- ‘बस्तर के लिए इनका 4 दशक का समर्पण मानवता की असाधारण मिसाल

रायपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज अपने निवास कार्यालय में बस्तर के...

More like this

एनटीपीसी बोंगाईगांव को दोहरा राष्ट्रीय सम्मान: सुरक्षा और सीएसआर में उत्कृष्टता के लिए मिले दो प्रतिष्ठित पुरस्कार, स्वर्ण श्रेणी में मारी बाजी

नई दिल्ली। परिचालन उत्कृष्टता, कार्यस्थल सुरक्षा, पर्यावरण संरक्षण और सामुदायिक विकास के प्रति अपनी...

पद्मश्री गोडबोले दंपति से मिले सीएम विष्णुदेव साय: बोले- ‘बस्तर के लिए इनका 4 दशक का समर्पण मानवता की असाधारण मिसाल

रायपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज अपने निवास कार्यालय में बस्तर के...